Wed, 07 22, 2026
देश

कोरोना के बाद लोग सजग हुए तो थाइराइड ने जकड़ा:

चिंताजनक: बीपी, शुगर के बाद थायराइड तीसरी बड़ी बीमारी, थाइराइड को नियंत्रित रखना जरूरी, आंख और हार्ट तक को करता है प्रभावित

post-img

कोरोना के बाद थायराइड के मरीज भी अब सामने आने लगे है। हाई बीपी, शुगर के बाद यह एक तरह से तीसरी बीमारी सामने आ रही है। महिलाओं के अलावा लोगों मेें भी यह देखी जा रही है। डॉक्टरों के मानना है कि कोरोना के बाद बदली जीवनशैली के कारण ऐसा हो रहा। थाइराइड के लिए रेडिएशन, सर्जरी ऑटो इम्यूनिटी और अनियमित जीवनशैली मुख्य रूप से जिम्मेदार है। हालांकि महिलाओं में यह समस्या पुरुषों से चार गुना अधिक पाई जाती है। डॉक्टरों का कहना है कि कोरोना के बाद से लोगों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता तो बढ़ी है। जांच में थायराइड के मामले भी सामने आ रहे हैं। इससे लगता है कि थायराइड के केस बढ़ रहे हैं।

महिलाओं में अधिक संभावना

पुरुषों की तुलना में महिलाओं में थायराइड होने की संभावना अधिक रहती है, क्योंकि महिलाओं में शरीर के रोग प्रतिरोधक क्षमता के खिलाफ एंटीबॉडी विकसित होने की अधिक आशंका है। इसके चलते शरीर का वह अंग प्रभावित हो जाता है।

- डॉ. अरुण गौड़, अधीक्षक एमजीएच

क्या है थायराइड

थायराइड ग्रंथी तितली के आकार की थायराइड हार्मोन बनाने वाली होती है, जो शरीर में गले के ठीक बीच में श्वास नली के सामने होती है। थायराइड हार्मोन एक व्यस्क शरीर में शारीरिक मेटाबॉलिज्म एवं तापमान को नियंत्रित करता है। वहीं, गर्भस्थ अंगों के विकसित होने में प्रमुख भूमिका निभाता है। ऑटोइम्यूनिटी के कारण थायराइड हार्मोन के अत्यधिक मात्रा में बनने से हाइपरथॉइरोडिस्म व कम मात्रा में बनने से हाइपो-थाइरोइडिस्म की बीमारी होती है।

Related Post