राजस्थान में विधानसभा चुनाव में क्या इस बार एक बार बीजेपी, एक बार कांग्रेस की परंपरा कायम रहेगी या फिर कुछ और नतीजा सामने आएगा, यह मुकाबला देखने लायक रहेगा| बीजेपी ने राजस्थान में 184 सीटों पर उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है और कुछ बहुचर्चित सीटों पर मंथन नहीं कर पा रही है|
सिविल लाइंस विधानसभा
बहुचर्चित सीट सिविल लाइंस मानों तो राजस्थान का कॉन्सेप्ट लेकर चलती है जहां एक बार बीजेपी तो एक बार कांग्रेस आती है| 2013 के बाद यहां बीजेपी अपने पैर नहीं जमा पाई है| वर्तमान में सिविल लाइंस से प्रताप सिंह खाचरियावास अपने क्षेत्र में काफी सक्रीय नजर आते है| वहीं बीजेपी असमंझस में है कि क्या इस बार भी 2013 में विधायक रहे अरुण चतुर्वेदी को मैदान में भेजा जाए या फिर कोई और ऐंगल से इस सीट पर बात बने.
किशनपोल विधानसभा
किशनपोल सीट की बात की जाए तो यहां पर 15 सालों से बीजेपी ने धाक जमा रखी थी लेकिन 2018 में कांग्रेस प्रत्याशी आमीन कागजी आए औऱ वह इस सीट से पहले मुस्लिम नेता रहे हैं जिन्होंने जीत हासिल की| देखना यह है कि क्या इस बार भी 3 बार जीत हासिल किए जाने वाले मोहन लाल गुप्ता पर पार्टी मुहर लगाती है या नहीं. बता दें कि किशनपोल एक मात्र ऐसा क्षेत्र है जहां लगातार वोटर्स में कमी आ रही है|
आदर्श नगर विधानसभा
आदर्श नगर सीट का पोस्टमार्टम करें तो अशोक परनामी यहां से 2008 औऱ 2013 में लगातार 2 बार जीत हासिल करते आए हैं. 2018 में कांग्रेस के उम्मीदवार रफीक खान को 12 हजार से ज्यादा वोटों से जीत हासिल हुई थी. बीजेपी के लिए यह बड़ी चुनौती सामने खड़ी होगी कि क्या पार्टी को सेफ खेलकर पुराने उम्मीदवार को उतारना चाहिए या फिर रिस्क लेकर कोई नया प्रत्याशी सामने लाए |
